कौन हैं अग्निमित्रा पॉल? फैशन डिजाइनर से ‘फायरब्रांड’ मंत्री तक का सफर, शुभेंदु सरकार में मिली बड़ी जिम्मेदारी

कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक नए युग का उदय हो चुका है। शुभेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर राज्य में पहली बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनाई है। इस ऐतिहासिक शपथ ग्रहण समारोह में जिस एक नाम की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, वह है अग्निमित्रा पॉल। ममता बनर्जी के जैसी ही तेवर वाली और विपक्षी दलों पर अपने तीखे प्रहारों के लिए मशहूर अग्निमित्रा को शुभेंदु कैबिनेट में जगह दी गई है। आइए जानते हैं कि आखिर कौन हैं बंगाल की यह नई पावरफुल महिला नेता।

फैशन की दुनिया छोड़ राजनीति के मैदान में गाड़े झंडे

51 वर्षीय अग्निमित्रा पॉल की पहचान राजनीति में आने से पहले देश की जानी-मानी फैशन डिजाइनर के रूप में थी। उन्होंने ग्लैमर की दुनिया से निकलकर राजनीति की पथरीली राह चुनी और बहुत ही कम समय में भाजपा की ‘फायरब्रांड’ नेता बनकर उभरीं। आसनसोल दक्षिण विधानसभा सीट से उन्होंने अपनी लोकप्रियता का लोहा मनवाया। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार तापस बनर्जी को 40,839 मतों के भारी अंतर से हराकर विधानसभा में अपनी जगह पक्की की।

ममता बनर्जी को उन्हीं के अंदाज में देती हैं जवाब

अग्निमित्रा पॉल को अक्सर ‘बीजेपी की ममता बनर्जी’ कहा जाता है, क्योंकि उनके बोलने की शैली और जनता के बीच आक्रामक अंदाज पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से काफी मेल खाता है। वे सड़क से लेकर सदन तक विपक्षी नेताओं पर बरसने का कोई मौका नहीं छोड़तीं। पश्चिम बंगाल में भाजपा की जड़ें मजबूत करने और महिला कार्यकर्ताओं को एकजुट करने में उनकी भूमिका अहम मानी जाती है। इसी का परिणाम है कि शुभेंदु अधिकारी ने अपनी पहली कैबिनेट में उन्हें बड़ी जिम्मेदारी के लिए चुना है।

विवादों और मुकदमों के बीच निखर कर आया नेतृत्व

अग्निमित्रा पॉल का राजनीतिक सफर चुनौतियों भरा रहा है। उनके चुनावी हलफनामे के अनुसार, उनके खिलाफ 23 आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें गैरकानूनी जमावड़ा, दंगा और हिंसक प्रदर्शन जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। हालांकि, अग्निमित्रा इन आरोपों को सिरे से खारिज करती रही हैं। उनका साफ कहना है कि ये सभी मामले पूरी तरह से ‘राजनीति से प्रेरित’ हैं और विपक्षी दलों ने उन्हें रोकने के लिए ये हथकंडे अपनाए हैं। अब तक किसी भी मामले में उन्हें दोषी नहीं ठहराया गया है।

शुभेंदु सरकार में क्या होगी भूमिका?

शुभेंदु अधिकारी के साथ शपथ लेने वाले पांच प्रमुख मंत्रियों में अग्निमित्रा का नाम शामिल होना दर्शाता है कि सरकार में उनका कद काफी बड़ा रहने वाला है। माना जा रहा है कि उन्हें महिला एवं बाल विकास या कपड़ा मंत्रालय (उनके फैशन बैकग्राउंड को देखते हुए) जैसे महत्वपूर्ण विभाग दिए जा सकते हैं। बंगाल की राजनीति के जानकारों का मानना है कि अग्निमित्रा पॉल आने वाले समय में भाजपा सरकार का सबसे मुखर चेहरा साबित होंगी।

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