Balochistan News: बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वां में पाकिस्तान सेना का बड़ा ऑपरेशन, 32 लोगों की मौत; TTP-BLA के बहाने भारत पर लगाए आरोप

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के अशांत प्रांत बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वां (केपी) में सेना का सैन्य अभियान लगातार जारी है। मंगलवार और बुधवार के दौरान दोनों प्रांतों में किए गए अलग-अलग अभियानों में 32 लोगों के मारे जाने का दावा किया गया है। पाकिस्तान सेना का कहना है कि मारे गए सभी लोग प्रतिबंधित आतंकी संगठनों से जुड़े थे, जबकि स्थानीय स्तर पर इन अभियानों को लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं।

ISPR का दावा, 24 घंटे में 32 संदिग्ध आतंकी ढेर

पाकिस्तानी सेना के मीडिया विंग इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (ISPR) ने बुधवार को जारी बयान में कहा कि सुरक्षा बलों ने पिछले 24 घंटों के दौरान बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वां में व्यापक अभियान चलाया। सेना के मुताबिक इन अभियानों में कुल 32 संदिग्ध आतंकियों को मार गिराया गया।

ISPR ने दावा किया कि कार्रवाई भारत समर्थित बताए गए नेटवर्क के खिलाफ की गई। पाकिस्तानी सेना ने अपने बयान में इन समूहों को “फितना-अल-खवारिज” और “फितना-अल-हिंदुस्तान” जैसे नामों से संबोधित करते हुए भारत पर भी आरोप लगाए। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कोई सार्वजनिक साक्ष्य पेश नहीं किया गया।

बलूचिस्तान और केपी में लंबे समय से जारी है हिंसा

बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वां पिछले कई वर्षों से सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। पाकिस्तान सेना समय-समय पर इन इलाकों में सैन्य अभियान चलाती रही है और उसका कहना है कि इन कार्रवाइयों का उद्देश्य आतंकवादी नेटवर्क को खत्म करना है।

दूसरी ओर, स्थानीय लोगों और क्षेत्रीय संगठनों का आरोप है कि सैन्य अभियानों के दौरान कई बार आम नागरिक भी प्रभावित होते हैं। उनका कहना है कि बमबारी और सुरक्षा कार्रवाइयों में निर्दोष लोगों की जान जाने की घटनाएं भी सामने आती रही हैं। इन आरोपों पर पाकिस्तान सरकार और सेना की ओर से अलग-अलग मौकों पर जवाब दिए जाते रहे हैं।

भारत का नाम फिर चर्चा में

ताजा सैन्य अभियान के बाद पाकिस्तान सेना ने एक बार फिर भारत पर आतंकवादी गतिविधियों को समर्थन देने का आरोप लगाया है। हालांकि भारत पहले भी ऐसे आरोपों को निराधार और बेबुनियाद बताते हुए खारिज करता रहा है। दोनों देशों के बीच इस तरह के आरोप-प्रत्यारोप पहले भी कई बार देखने को मिले हैं।

अशांत प्रांतों में लगातार जारी हैं सैन्य अभियान

विशेषज्ञों का मानना है कि बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वां पाकिस्तान के सबसे संवेदनशील क्षेत्रों में शामिल हैं, जहां लंबे समय से उग्रवाद, अलगाववादी गतिविधियां और सुरक्षा बलों के अभियान जारी हैं। इसी वजह से इन इलाकों में समय-समय पर बड़े सैन्य ऑपरेशन देखने को मिलते हैं। ताजा कार्रवाई के बाद एक बार फिर इन दोनों प्रांतों की सुरक्षा स्थिति चर्चा का विषय बन गई है।

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