
Turkey Israel Conflict News: मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच तुर्की और इजरायल के बीच जुबानी जंग और तेज हो गई है। तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने इजरायल पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उसकी नीतियां केवल क्षेत्रीय ही नहीं बल्कि वैश्विक स्थिरता के लिए भी खतरा बनती जा रही हैं। एर्दोगन ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इजरायल के खिलाफ स्पष्ट और सख्त रुख अपनाने की मांग की है।
इजरायल पर भड़के एर्दोगन, वैश्विक शक्तियों से की कार्रवाई की मांग
तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने बुधवार को कहा कि इजरायल की आक्रामक नीतियों और उकसावे वाली कार्रवाइयों ने पूरे क्षेत्र में तनाव को बढ़ाया है। उनका कहना था कि दुनिया की बड़ी ताकतों की चुप्पी ने इजरायल को और अधिक साहसी बना दिया है। एर्दोगन ने आरोप लगाया कि इजरायल की रणनीति भूमध्य सागर क्षेत्र में अस्थिरता को बढ़ावा दे रही है, जिसका असर पड़ोसी देशों की सुरक्षा और शांति पर भी पड़ रहा है।
ईरान-अमेरिका तनाव के लिए भी इजरायल को ठहराया जिम्मेदार
तुर्की की ओर से यह बयान ऐसे समय में आया है जब मध्य पूर्व में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ी हुई है। एर्दोगन ने संकेत दिया कि क्षेत्र में बढ़ते टकराव और संभावित संघर्ष के पीछे इजरायल की उकसावे वाली नीतियां अहम भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने हस्तक्षेप नहीं किया तो हालात और गंभीर हो सकते हैं।
नेतन्याहू का पलटवार, एर्दोगन को बताया तानाशाह
एर्दोगन के आरोपों के बाद इजरायल की ओर से भी तीखी प्रतिक्रिया सामने आई। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने तुर्की के राष्ट्रपति पर निशाना साधते हुए उन्हें “तानाशाह” करार दिया। नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल अपनी सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी बाहरी दबाव के आगे झुकने वाला नहीं है।
मध्य पूर्व में बढ़ रही कूटनीतिक तल्खी
तुर्की और इजरायल के बीच हाल के महीनों में कई मुद्दों को लेकर मतभेद सामने आए हैं। गाजा, क्षेत्रीय सुरक्षा, ईरान और समुद्री रणनीति जैसे विषय दोनों देशों के रिश्तों में लगातार तनाव पैदा कर रहे हैं। ताजा बयानबाजी ने यह संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंध और अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं।
अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें क्षेत्रीय घटनाक्रम पर
विशेषज्ञों का मानना है कि तुर्की और इजरायल के बीच बढ़ता राजनीतिक टकराव मध्य पूर्व की भू-राजनीतिक स्थिति को प्रभावित कर सकता है। ऐसे में वैश्विक शक्तियां क्षेत्र में शांति बनाए रखने और तनाव कम करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने पर विचार कर सकती हैं।
Hindustan Awaaz – ताज़ा हिंदी समाचार, ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, देश-दुनिया