इस्फहान की न्यूक्लियर साइट के पास धमाके, हमलों के बीच ईरान में 4.3 तीव्रता का भूकंप; मिडिल ईस्ट में जंग और भड़की

मिडिल ईस्ट में जंग अब और भयावह मोड़ ले चुकी है। इज़रायल और ईरान के बीच जारी भीषण संघर्ष में अमेरिका की सीधी एंट्री के बाद हालात विस्फोटक बने हुए हैं। हमलों के बीच ईरान के इस्फहान और शिराज में धमाकों की गूंज सुनाई दी, वहीं मंगलवार को भूकंप के झटकों ने हालात को और गंभीर बना दिया।

इस्फहान-शिराज में धमाके, न्यूक्लियर साइट पर बढ़ी चिंता

ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस्फहान और शिराज शहरों में तेज धमाके सुने गए। इस्फहान में ईरान की प्रमुख न्यूक्लियर फैसिलिटी स्थित है, जबकि शिराज मिसाइल प्रोडक्शन हब के रूप में जाना जाता है। इससे पहले अमेरिका और इजरायल ने नतांज न्यूक्लियर प्लांट पर भी दो ताजा हमले किए थे। ईरान के एटॉमिक एनर्जी प्रमुख मोहम्मद इस्लामी ने इन हमलों की पुष्टि की है। हालांकि ताजा धमाकों का लक्ष्य क्या था, इसे लेकर आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

हमलों के बीच ईरान में भूकंप

अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे के अनुसार ईरान के गेराश इलाके में 4.3 तीव्रता का भूकंप आया। भूकंप का केंद्र जमीन से करीब 10 किलोमीटर की गहराई पर था। लगातार सैन्य हमलों के बीच आए इन झटकों ने लोगों में दहशत और बढ़ा दी है।

‘स्ट्रेट ऑफ होर्मूज बंद’ – ईरान की खुली चेतावनी

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने दुनिया की तेल आपूर्ति की लाइफलाइन माने जाने वाले Strait of Hormuz को बंद करने का ऐलान किया है। यह जलडमरूमध्य ओमान और ईरान के बीच स्थित है, जहां से दुनिया का करीब 20 फीसदी तेल गुजरता है। ईरानी ब्रिगेडियर जनरल इब्राहिम जब्बारी ने चेतावनी दी कि इस रास्ते से गुजरने वाले किसी भी जहाज को निशाना बनाया जाएगा। इस ऐलान के बाद वैश्विक तेल बाजार में उथल-पुथल तेज हो गई है।

बहरीन, सऊदी और दुबई तक फैली जंग

ईरान ने बहरीन में अमेरिकी एयरबेस, सऊदी अरब के रियाद स्थित अमेरिकी दूतावास और कुवैत में ठिकानों पर ड्रोन व मिसाइल हमले किए। दुबई में ऑस्ट्रेलिया के अल मिन्हाद एयर बेस को भी निशाना बनाया गया। बहरीन की सड़कों पर शिया समर्थकों का उग्र प्रदर्शन जारी है।

कराची में अमेरिकी कॉन्सुलेट पर हमला, फायरिंग में मौतें

पाकिस्तान के कराची में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर हमले की कोशिश के दौरान अमेरिकी मरीन ने फायरिंग की। रिपोर्ट्स के अनुसार कम से कम 10 लोगों की मौत हुई है। खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान के लाहौर, इस्लामाबाद और कराची में हिंसक प्रदर्शन भड़क उठे हैं।

ट्रंप का दावा – ‘अंतिम लक्ष्य तक जारी रहेंगे हमले’

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान के खिलाफ अभियान अगले कई सप्ताह तक जारी रह सकता है। उन्होंने दावा किया कि ईरान के 48 शीर्ष नेताओं को मार गिराया गया है और जब तक ‘अंतिम लक्ष्य’ हासिल नहीं होता, कार्रवाई जारी रहेगी। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका के पास हथियारों की असीमित सप्लाई है।

700 से ज्यादा मौतें, सैकड़ों घायल

मानवाधिकार समूहों के अनुसार संघर्ष शुरू होने के बाद से ईरान में 700 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। सैकड़ों लोग घायल बताए जा रहे हैं।

चीन का खुला समर्थन

हमलों के बीच चीन ने ईरान को खुला समर्थन दिया है। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने ईरानी समकक्ष से बातचीत कर संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा में साथ खड़े रहने का भरोसा दिया है। इससे जंग के और बड़े भू-राजनीतिक संकट में बदलने की आशंका गहरा गई है।

अमेरिकी एडवाइजरी – तुरंत मिडिल ईस्ट छोड़ें

अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने अपने नागरिकों को सऊदी अरब, कतर, बहरीन, इजरायल, जॉर्डन, कुवैत, लेबनान, यूएई समेत कई देशों से तत्काल निकलने की सलाह दी है। कई दूतावास अस्थायी रूप से बंद कर दिए गए हैं और गैर-जरूरी स्टाफ को वापस बुलाया जा रहा है।

मिडिल ईस्ट में तेजी से बदलते हालात के बीच पूरी दुनिया की नजरें अब इस जंग पर टिकी हैं। स्ट्रेट ऑफ होर्मूज से लेकर इस्फहान की न्यूक्लियर साइट तक बढ़ते हमले संकेत दे रहे हैं कि यह संघर्ष लंबा और व्यापक हो सकता है।

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